ॐ महाभास्वराय नमः
महाभास्वरः
Mahābhāsvaraḥ
Root: mahā + bhāsvara
अर्थ
The supremely luminous, blazing with the most brilliant light , the divine who is the greatest of all radiant beings, whose luminosity exceeds the combined brilliance of all suns
परम प्रकाशमान, सबसे शानदार प्रकाश से दीप्त , वह दिव्य जो सभी प्रकाशमान सत्ताओं में सबसे महान है, जिनकी प्रकाशमानता सभी सूर्यों की संयुक्त दीप्ति से अधिक है
शब्द-दर-शब्द विश्लेषण
महा
great, supreme
महान, परम
भास्वर
luminous, radiant, brilliantly shining
भास्वर, प्रकाशमान, दीप्तिमान
आधुनिक संदर्भ
महाभास्वर (परम प्रकाशमान) शिव को सभी प्रकाशमान सत्ताओं में सबसे महान के रूप में नामित करता है। भगवद्गीता के 11वें अध्याय का एक हजार सूर्यों के समान जलने वाले दिव्य रूप का वर्णन इसी महाभास्वर गुणवत्ता की ओर संकेत करता है। शैव दर्शन में, दिव्य प्रकाशमानता भौतिक प्रकाश नहीं बल्कि अपनी परम मात्रा में चेतना की स्व-प्रकाशित गुणवत्ता (प्रकाश) है। कार्तिक दीपोत्सव का मौसम, जब लाखों दीपक भारत की नदियों, घाटों और घरों को रोशन करते हैं, महाभास्वर का लौ में उत्सव है।
कब जपें
ॐChant to invoke Shiva's supreme luminosity , the bhāsvara quality that exceeds all physical light and is the divine radiance that illuminates consciousness itself.
और ब्रह्माण्डीय व्यवस्था नाम
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