ॐ सर्वधर्माश्रयाय नमः
सर्वधर्माश्रय
Sarvadharmāśraya
Root: sarva + dharma + āśraya
अर्थ
He who is the ultimate refuge and foundation of every dharma
सम्पूर्ण धर्मों का आश्रय (सहारा/नींव), हर कर्तव्य का अन्तिम आधार
शब्द-दर-शब्द विश्लेषण
सर्व
all, every
सब
धर्म
righteousness, duty, law
धर्म, कर्तव्य
आश्रय
refuge, support, foundation
आश्रय, सहारा, नींव
आधुनिक संदर्भ
धर्म कहाँ टिकता है? भगवान पर। सर्वधर्माश्रय — भगवान सब धर्मों की नींव हैं। जब सत्य बोलना कठिन हो पर बोलें — भगवान ने सत्य-धर्म को सहारा दिया। जब अन्याय सहना आसान हो पर विरोध करें — भगवान ने न्याय-धर्म को आश्रय दिया। जब भारतीय संविधान 'धर्मचक्र' (अशोक चक्र) को राष्ट्रध्वज पर रखता है — वह धर्म का आश्रय भगवान में है।
कब जपें
ॐChant when dharma needs support, during ethical struggles, or when the foundation of righteousness needs affirming. Ideal during Gita study and when dharmic choices lack human support.
और ज्ञान नाम
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