ॐ सर्वमङ्गलविग्रहाय नमः
सर्वमङ्गलविग्रह
Sarvamaṅgalavigraha
Root: sarva + maṅgala + vigraha
अर्थ
He whose divine body is the embodiment of all auspiciousness
सम्पूर्ण मंगल (शुभता) के विग्रह (शरीर/मूर्ति), शुभत्व का दिव्य शरीर
शब्द-दर-शब्द विश्लेषण
सर्व
all
सब
मङ्गल
auspicious
मंगल, शुभ
विग्रह
divine form, body, murti
विग्रह, दिव्य शरीर, मूर्ति
आधुनिक संदर्भ
विग्रह — दिव्य शरीर। मंदिर की मूर्ति को 'विग्रह' कहते हैं। सर्वमंगलविग्रह भगवान का शरीर ही मंगल (शुभता) से बना है — जैसे सोना चमक से बना, वैसे भगवान का विग्रह शुभता से। तिरुमला में जब भगवान का अभिषेकम् हो और विग्रह चमके — वह सर्वमंगलविग्रह का प्रत्यक्ष दर्शन। मूर्ति सिर्फ़ पत्थर नहीं — शुभता का जीवन्त शरीर।
कब जपें
ॐChant during murti abhishekam, deity alankaram, or when the divine body's auspiciousness needs celebrating. Ideal during Pran Pratishtha and when the vigraha is the meditation's focus.
और समृद्धि नाम
← → arrow keys to navigate