ॐ सर्वलोकसदाप्राणाय नमः
सर्वलोकसदाप्राण
Sarvalokasadāprāṇa
Root: sarva + loka + sadā + prāṇa
अर्थ
The eternal life-breath that animates every world without ceasing
सम्पूर्ण लोकों का सदा (शाश्वत) प्राण, बिना रुके सब संसारों को जीवन देने वाली श्वास
शब्द-दर-शब्द विश्लेषण
सर्व
all, every
सब
लोक
world
लोक
सदा
always, eternally
सदा
प्राण
life-breath, vital force
प्राण, जीवन-शक्ति
आधुनिक संदर्भ
प्राण — जीवन-शक्ति — बिना प्राण शरीर मृत। सर्वलोकसदाप्राण ब्रह्माण्ड का शाश्वत प्राण — जो कभी नहीं रुकता। जैसे हृदय बिना रुके धड़कता है, भगवान बिना रुके सब लोकों को प्राण दे रहे। सहस्रनाम की यात्रा में 961वाँ नाम — अन्तिम 40 में — प्राण से शुरू — क्योंकि प्राण ही अन्तिम सत्य: जब तक प्राण है, जीवन है; भगवान सदा-प्राण हैं।
कब जपें
ॐChant during pranayama, gratitude for breath, or when the life-force needs divine acknowledgement. Ideal during morning breathing exercises and Prana Pratishtha.
और ब्रह्माण्डीय व्यवस्था नाम
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