ॐ श्रीशाय नमः
श्रीशः
Śrīśaḥ
Root: śrī + īśa
अर्थ
The lord and master of Lakshmi and all divine wealth
लक्ष्मी के ईश्वर, सम्पूर्ण दिव्य ऐश्वर्य के स्वामी
शब्द-दर-शब्द विश्लेषण
श्री
Lakshmi, wealth
लक्ष्मी, ऐश्वर्य
ईश
lord, master
ईश्वर, स्वामी
आधुनिक संदर्भ
भारत में 'लक्ष्मीपति' या 'श्रीश' कहने का मतलब है कि धन भगवान के अधीन है, भगवान धन के अधीन नहीं। जब कोई करोड़पति मंदिर में जाकर भगवान के चरणों में माथा टेकता है, तो वो स्वीकार करता है कि उसकी सारी सम्पत्ति श्रीश की देन है। भारतीय उद्योगपति जो मंदिर बनवाते हैं, अस्पताल खोलते हैं, और शिक्षा संस्थान चलाते हैं, वो श्रीश की सेवा कर रहे हैं।
कब जपें
ॐChant when managing wealth, during charitable giving, on Dhanteras, or when reminding yourself that all prosperity is held in trust from the Lord.
और शक्ति नाम
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