ॐ वाचस्पतये अयोनिजाय नमः
वाचस्पतिरयोनिजः
Vācaspatir Ayonijaḥ
Root: vācas + pati + a + yoni + ja
अर्थ
The lord of speech who is unborn from any womb, self-manifested
वाणी के स्वामी जो किसी गर्भ से जन्मे नहीं, स्वयं प्रकट हुए
शब्द-दर-शब्द विश्लेषण
वाचस्पति
lord of speech, master of eloquence
वाणी के स्वामी
अयोनिज
not born from a womb, self-manifested
बिना गर्भ से जन्मे, स्वयं प्रकट
आधुनिक संदर्भ
वाचस्पति (वाणी के स्वामी) बृहस्पति (गुरु ग्रह) का भी नाम है। भारत में गुरुवार का व्रत बृहस्पति और विष्णु दोनों को समर्पित है। वाचस्पति बताता है कि सारी वाणी, भाषण, काव्य, गीत, मन्त्र, भगवान से ही निकली है। जब कोई वक्ता सभा में ओजस्वी भाषण देता है, कोई कवि हृदय छू लेने वाली कविता सुनाता है, वो वाचस्पति की शक्ति है।
कब जपें
ॐChant on Thursdays (Brihaspati Vaar), before public speaking, during speech therapy, when studying Sanskrit, or when praying for eloquence.
और ज्ञान नाम
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