ॐ पद्मनाभाय नमः
पद्मनाभः
Padmanābhaḥ
Root: padma + nābha
अर्थ
The lotus-navelled lord from whose centre all creation blooms
कमल-नाभि वाले, जिनके केन्द्र से सम्पूर्ण सृष्टि खिलती है
शब्द-दर-शब्द विश्लेषण
पद्म
lotus
कमल
नाभ
navel
नाभि
आधुनिक संदर्भ
पद्मनाभ तीसरी बार आया है (पहले नाम 48 और 368)। पद्मनाभस्वामी मंदिर तिरुवनन्तपुरम दुनिया का सबसे धनी मंदिर है। तीन बार दोहराव दर्शाता है कि नाभि-कमल विष्णु की सबसे प्रतिष्ठित छवि है। तीन बार पद्मनाभ = तीन बार सृष्टि-केन्द्र का स्मरण। ब्रह्मा कमल पर बैठे हैं, कमल नाभि से निकला, नाभि भगवान की है। यह सृष्टि की 'supply chain' है।
कब जपें
ॐChant during Padmanabhaswamy Temple worship, Onam, Anantashayanam meditation, or when the triple Padmanābha makes creation's centre-point inescapably clear.
और सृष्टि नाम
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