ॐ वृषपर्वणे नमः
वृषपर्वा
Vṛṣaparvā
Root: vṛṣa + parvan
अर्थ
He reached through the ascending festivals and sacred junctions of dharma
धर्म के पर्वों और पवित्र सन्धियों से जिन तक पहुँचा जाता है
शब्द-दर-शब्द विश्लेषण
वृष
dharma
धर्म
पर्वा
festival, junction, step
पर्व, सन्धि, सीढ़ी
आधुनिक संदर्भ
वृषपर्वा तीसरी बार आया है (पहले नाम 268 और 476)। हर भारतीय त्योहार एक 'पर्व' (step) है जो भगवान तक पहुँचाता है। 2026 में भारत में अनुमानित 50+ प्रमुख राष्ट्रीय त्योहार मनाए जाते हैं, और सैकड़ों क्षेत्रीय पर्व। तीसरी बार वृषपर्वा = तीसरी बार कहना: हर त्योहार एक और सीढ़ी है, और सीढ़ी कभी ख़त्म नहीं होती। मनाते रहो, चढ़ते रहो।
कब जपें
ॐChant at the start of any festival, when the triple Vṛṣaparvā staircase completes, during festival-calendar planning, or when three cycles confirm that celebration IS the spiritual practice.
और भक्ति नाम
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