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071dharana
Light & Radianceप्रकाशDharana 71 15–30 minअभ्यास पाठ उपलब्ध; निर्देशित ऑडियो जल्द आएगा
The Radiant Form Within
भीतर बैठी दीप्त छवि
ॐ
घर के मंदिर के सामने बैठिए, या किसी भी शांत जगह में आँखें बंद कर लीजिए. अपने इष्ट देवता की वह छवि याद कीजिए जो आपको सबसे प्रिय है, जैसे बचपन की पूजाओं में दिखी, जैसे किसी मंदिर की यात्रा में मन में रह गई, जैसे दादी के छोटे पूजाघर पर बैठी रहती थी. उसी छवि को कोमलता से छाती के बीच रख दीजिए. छवि को भीतर से दीप्त होने दीजिए, धीमे चमकती हुई, बोध में जीवंत. ठीक ठीक चित्र खींचने का परिश्रम मत कीजिए. हृदय छवि को थामे, और छवि हृदय को थामे. यह कल्पना नहीं है. यह उसके साथ बैठना है जो हमेशा से यहीं था.