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ॐ तन्त्रप्रवर्तकाय नमः

तन्त्रप्रवर्तकः

Tantrapravartakaḥ

Root: tantra + pravartaka

Wisdom·ज्ञान
Meaning

अर्थ

The initiator of the tantric systems, who established the comprehensive practical technologies of mantra, yantra, and ritual that constitute India's tantric heritage

तन्त्र प्रणालियों के प्रवर्तक, जिन्होंने मन्त्र, यन्त्र और अनुष्ठान की व्यापक व्यावहारिक प्रौद्योगिकियाँ स्थापित कीं जो भारत की तान्त्रिक विरासत बनाती हैं

Word-by-Word Breakdown

शब्द-दर-शब्द विश्लेषण

तन्त्र

the tantric system

तन्त्र

प्रवर्तक

initiator, establisher

प्रवर्तक

Modern Context

आधुनिक संदर्भ

तन्त्रप्रवर्तक आगमप्रवर्तक (585) के बाद आता है और सर्वतन्त्रस्वरूपी (नाम 351) के समानान्तर है लेकिन एक सक्रिय सृजनात्मक कार्य के साथ: केवल तन्त्र का रूप या तन्त्र का ज्ञाता नहीं बल्कि तन्त्र का स्थापक। नाथ परम्परा अपनी पूरी प्रणाली को सीधे दत्तात्रेय की तान्त्रिक शिक्षा तक ले जाती है। समकालीन भारत के तान्त्रिक पुनरुत्थान में तन्त्रप्रवर्तक दत्तात्रेय इस संरक्षण कार्य के दिव्य संरक्षक हैं।

When to Chant

कब जपें

Chant when entering any tantric practice with the recognition that Dattatreya is the original teacher of all such systems.

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