ॐ सर्वदेवात्मकाय नमः
सर्वदेवात्मक
Sarvadevatmaka
Root: sarva + deva + ātmaka
अर्थ
He who is the inner soul and essence of every deity
सम्पूर्ण देवताओं की आत्मा, हर देव के भीतर बसने वाले सत्य
शब्द-दर-शब्द विश्लेषण
सर्व
all, every
सब
देव
god, deity
देवता
आत्मक
whose essence is, consisting of, embodied as
आत्मा स्वरूप, जिनका सार है
आधुनिक संदर्भ
शिव के भीतर भी विष्णु हैं, गणेश के भीतर भी, सरस्वती के भीतर भी — सर्वदेवात्मक। यह नाम शैव-वैष्णव-शाक्त विवाद को समूल समाप्त करता है — हर देवता की आत्मा एक ही है। जब किसी मंदिर में शिव, विष्णु, देवी सब हों — सब के भीतर सर्वदेवात्मक बैठे हैं। पूजा किसी की भी करो, पहुँचती एक ही भगवान के पास है।
कब जपें
ॐChant when reconciling different deity traditions, during pancha-devata puja, or when teaching the unity behind Hindu diversity. Ideal during ecumenical gatherings and philosophical satsangs.
और ब्रह्माण्डीय व्यवस्था नाम
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