ॐ नारायणाय नमः
नारायणः
Nārāyaṇaḥ
Root: nāra + ayana
अर्थ
The supreme refuge of all beings, dwelling in the cosmic waters
सम्पूर्ण प्राणियों (नार) का आश्रय (अयन), क्षीरसागरवासी परमात्मा
शब्द-दर-शब्द विश्लेषण
नार
beings, waters, cosmic elements
प्राणी, जल, तत्व
अयन
refuge, abode, resting place
आश्रय, निवास, विश्रामस्थल
आधुनिक संदर्भ
नारायण भगवान विष्णु का सबसे प्रसिद्ध और सर्वमान्य नाम है। 'ॐ नमो नारायणाय' अष्टाक्षर मन्त्र दक्षिण भारत की सबसे पवित्र प्रार्थना है। बद्रीनाथ को 'बद्री नारायण' कहते हैं। मृत्यु के समय 'नारायण-नारायण' कहना सबसे शुभ माना जाता है। हर भारतीय ने 'नारायण' शब्द ज़िन्दगी में अनगिनत बार सुना है। यह नाम पूरे सहस्रनाम का हृदय है।
कब जपें
ॐChant at all times, especially during the Ashtakshara mantra, at Badrinath, at the moment of death, during Ekadashi, or as the single-name japa that encapsulates all devotion.
और मोक्ष नाम
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