ॐ सर्ववासुदेवात्मकाय नमः
सर्ववासुदेवात्मक
Sarvavāsudevātmakāya
Root: sarva (all) + vāsudeva (Lord Krishna/Vishnu, son of Vasudeva) + ātmaka (consisting of, having the nature of)
अर्थ
Having the very nature and essence of Vasudeva dwelling in all beings
सम्पूर्ण वासुदेव-स्वरूप, सबमें वासुदेव (कृष्ण/विष्णु) की प्रकृति रखने वाले
शब्द-दर-शब्द विश्लेषण
सर्व
all
सभी
वासुदेव
Lord Krishna/Vishnu
वासुदेव, कृष्ण
आत्मक
consisting of, having the nature of
स्वरूप, आत्मक
आधुनिक संदर्भ
गीता में कृष्ण कहते हैं 'वासुदेवः सर्वमिति' (सब कुछ वासुदेव है)। सर्ववासुदेवात्मक हनुमान स्वयं वासुदेव-स्वरूप हैं। राम-भक्त हनुमान में कृष्ण (वासुदेव) भी बसे हैं, यह शैव-वैष्णव एकता का सबसे सुन्दर उदाहरण है। ISKCON जो कृष्ण-भक्ति प्रचारित करता है और Hanuman temples जो राम-भक्ति celebrate करते हैं, दोनों एक ही वासुदेव-तत्त्व की अभिव्यक्ति हैं।
कब जपें
ॐChant when bridging Vaishnava sampradayas, during Gita 7.19 study, or when the unity behind diverse devotional paths needs divine affirmation.
और ब्रह्माण्डीय व्यवस्था नाम
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