ॐ निराकाङ्क्षाय नमः
निराकाङ्क्षः
Nirākāṅkṣaḥ
Root: nis + ākāṅkṣā
अर्थ
Free from all yearning and desire-lack, in whom there is no ākāṅkṣā (the expectant longing, the yearning that arises from felt lack) , the perfectly self-complete divine who lacks nothing and therefore yearns for nothing
सभी तड़प और इच्छा-कमी से मुक्त, जिनमें कोई आकांक्षा (वह प्रतीक्षापूर्ण लालसा, वह तड़प जो महसूस की गई कमी से उत्पन्न होती है) नहीं है , वह परिपूर्ण आत्म-पूर्ण दिव्य जिनमें कुछ भी कम नहीं और इसलिए किसी चीज की तड़प नहीं
शब्द-दर-शब्द विश्लेषण
निस्
without, free from
निस्, बिना
आकाङ्क्षा
yearning, expectant longing arising from felt lack
आकांक्षा, तड़प, महसूस की गई कमी से उत्पन्न प्रतीक्षापूर्ण लालसा
आधुनिक संदर्भ
निराकांक्ष (सभी तड़प से मुक्त) शिव को परिपूर्ण आत्म-पूर्ण दिव्य के रूप में नामित करता है जिनमें कोई आकांक्षा (तड़प, महसूस की गई कमी से उत्पन्न) नहीं है। शिव की कृपा को बिना शर्त समझने का यही धर्मशास्त्रीय आधार है: क्योंकि उन्हें कुछ भी चाहिए नहीं, उनकी उदारता में कोई छुपा एजेंडा नहीं। कमी से उत्पन्न प्रेम के बजाय परिपूर्णता से उत्पन्न प्रेम के रूप में दिव्य प्रेम की शिक्षा निराकांक्ष में सबसे स्पष्ट अभिव्यक्ति पाती है।
कब जपें
ॐChant to contemplate Shiva's perfect self-completeness , the divine who has no lack and therefore no yearning, whose love for beings arises not from need but from pure abundance.
और मोक्ष नाम
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