ॐ सर्वलोकगुरवे नमः
सर्वलोकगुरु
Sarvalokaguru
Root: sarva + loka + guru
अर्थ
The supreme teacher and guide of every world and every being
सम्पूर्ण लोकों के गुरु, सब संसारों के परम शिक्षक और मार्गदर्शक
शब्द-दर-शब्द विश्लेषण
सर्व
all
सब
लोक
world, people
लोक, संसार
गुरु
teacher, guide, remover of darkness
गुरु, शिक्षक
आधुनिक संदर्भ
कुरुक्षेत्र में कृष्ण अर्जुन के गुरु बने और 700 श्लोकों में जीवन का सम्पूर्ण ज्ञान दे दिया। सर्वलोकगुरु सब संसारों के गुरु हैं — न सिर्फ़ अर्जुन के, सबके। शिक्षक दिवस (5 सितम्बर) पर सर्वलोकगुरु को याद करना सबसे उचित है — क्योंकि हर शिक्षक भगवान का अंश है। जब शिक्षक कक्षा में जाएँ, वे सर्वलोकगुरु का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं।
कब जपें
ॐChant on Teachers' Day, Guru Purnima, or when honouring any teacher. Ideal during Gita study and when the guru-shishya relationship is celebrated.
और विद्या नाम
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