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ॐ पवित्राय नमः

पवित्रम्

Pavitram

Root:

Purity·पवित्रता
Meaning

अर्थ

The supreme purifier who makes everything sacred by His mere presence

परम पवित्रकर्ता, जिनकी उपस्थितिमात्र से सब पवित्र हो जाता है

Word-by-Word Breakdown

शब्द-दर-शब्द विश्लेषण

पवित्र

purifier, that which makes pure, the sacred

पवित्र, शुद्ध करने वाला

Modern Context

आधुनिक संदर्भ

गीता (10.31) में कृष्ण कहते हैं 'पवनः पवतामस्मि,' शुद्ध करने वालों में मैं वायु (पवन) हूँ। पवित्र भगवान वो हैं जिनके नाम-स्मरणमात्र से शुद्धि होती है। गंगाजल को 'पवित्र जल' कहते हैं, तुलसीदल को 'पवित्र पत्ता,' और प्रसाद को 'पवित्र भोजन।' लेकिन सबसे पवित्र भगवान स्वयं हैं। जब कोई भक्त सहस्रनाम पढ़ता है, तो हर नाम उसे थोड़ा और पवित्र कर रहा है।

When to Chant

कब जपें

Chant during any purification ritual, when seeking inner cleanliness, during Gita 10.31 study, or when the Sahasranama recitation itself becomes the purifying fire.

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