ॐ जगत्पतये नमः
जगत्पतिः
Jagatpatiḥ
Root: jagat + pati
अर्थ
Lord of the universe, the sovereign whose governance encompasses the entire moving world from the smallest subatomic motion to the largest cosmic rotation
ब्रह्माण्ड के स्वामी, वह अधीश्वर जिनका शासन सबसे छोटे उपकणीय गति से लेकर सबसे बड़े ब्रह्माण्डीय घुमाव तक समग्र चल जगत को समेटता है
शब्द-दर-शब्द विश्लेषण
जगत्
the moving world, universe, all that moves
जगत्, चल-संसार, ब्रह्माण्ड
पति
lord, master, protector
पति, स्वामी, रक्षक
आधुनिक संदर्भ
संस्कृत में जगत् मूल गम् (जाना, चलना) से बना है: ब्रह्माण्ड शाब्दिक अर्थ में 'वह जो चलता है'। जगत्पति शिव को इस निरंतर ब्रह्माण्डीय गति के स्वामी के रूप में नामित करता है। चिदम्बरम में नटराज की प्रतिमा इस अंतर्दृष्टि की विश्व की सबसे जीवंत कलात्मक अभिव्यक्ति है: शिव ब्रह्माण्डीय गति के केन्द्र में नृत्य करते हैं, और उनका नृत्य ही ब्रह्माण्ड है।
कब जपें
ॐChant to affirm Shiva's sovereignty over all of creation in motion, particularly when the world seems chaotic or directionless.
और ब्रह्माण्डीय व्यवस्था नाम
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