ॐ गुरुतमाय नमः
गुरुतमः
Gurutamaḥ
Root: guru (superlative)
अर्थ
The most venerable teacher of all teachers, the ultimate guru
सभी गुरुओं के गुरु, परम पूज्य, सर्वोच्च मार्गदर्शक
शब्द-दर-शब्द विश्लेषण
गुरुतम
the most weighty, the supreme teacher
सबसे गुरुतर, परम गुरु
आधुनिक संदर्भ
गुरुतम दूसरी बार आया है (पहली बार नाम 237)। पहली बार सम्प्रदाय-आचार्यों के संदर्भ में था, इस बार और व्यापक। गुरु-गुरुतम जोड़ी दोनों बार साथ-साथ आई है (236-237 और 381-382)। यह दर्शाता है कि सहस्रनाम का ढाँचा भी दिव्य है। भगवान सिर्फ़ गुरु नहीं, गुरुओं के गुरु हैं। हर गुरु-परम्परा ऊपर जाती है और अन्ततः गुरुतम भगवान तक पहुँचती है।
कब जपें
ॐChant on Guru Purnima, when the Guru-Gurutama structural pattern deepens meditation, when honouring the guru-parampara lineage, or when seeking the ultimate teacher beyond human gurus.
और ज्ञान नाम
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