ॐ जगत्प्रवर्तकाय नमः
जगत्प्रवर्तकः
Jagatpravartakaḥ
Root: jagat + pravartaka
अर्थ
The one who sets the world in motion, whose primordial initiatory act causes the universe to unfold according to its dharmic purpose
जगत् को गति में लाने वाले, जिनके आदि दीक्षात्मक कार्य से ब्रह्माण्ड अपने धार्मिक उद्देश्य के अनुसार विस्तारित होता है
शब्द-दर-शब्द विश्लेषण
जगत्
world
जगत्
प्रवर्तक
initiator, one who sets in motion
प्रवर्तक
आधुनिक संदर्भ
जगत्प्रवर्तक दत्तात्रेय को जगत् (संसार) को गति में लाने वाले (प्रवर्तक) नाम देता है। 'प्रवर्तक' की भूमिका आरम्भकर्ता की भूमिका है। भारत की ब्रह्माण्डीय समझ में सृजन एक बार की घटना नहीं बल्कि दिव्य की आरम्भिक गतिविधि की एक निरन्तर प्रक्रिया है। गुरु चरित्र के विवरण कि दत्तात्रेय के अवतार विशिष्ट ऐतिहासिक क्षणों पर कैसे प्रकट हुए इस जगत्प्रवर्तक गुण की अभिव्यक्तियाँ हैं।
कब जपें
ॐChant when recognising that all cosmic activity ultimately traces back to Dattatreya as the original initiator.
और सृष्टि नाम
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