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Chalisa

Rahu Chalisa

राहु चालीसा

The Rahu Chalisa is a devotional hymn dedicated to Rahu Dev, the shadow graha associated with eclipses, ambition, illusion, foreign connections, unconventional paths, hidden karma, disruption, and transformative discernment. This structured version contains 1 opening doha, 40 chaupais, and 1 closing doha, totaling 42 verses.

Deity: Rahu
42 Verses
Traditional / Devotional Compilation
Saturday · During Rahu Kaal for remedial prayer

राहु चालीसा राहु देव को समर्पित भक्ति स्तोत्र है। राहु छाया ग्रह हैं और ग्रहण, महत्वाकांक्षा, भ्रम, विदेश संबंध, अप्रचलित मार्ग, गुप्त कर्म, विघटन और परिवर्तनकारी विवेक से जुड़े हैं। इस संरचित संस्करण में 1 आरंभिक दोहा, 40 चौपाइयाँ और 1 समापन दोहा है, कुल 42 पद।

doha opening
Verse 1

राहु देव छाया प्रभु, गगन गमन बलवान। भ्रम भय बाधा दूर कर, दो विवेक निदान॥

rāhu deva chāyā prabhu, gagana gamana balavān. bhrama bhaya bādhā dūra kara, do viveka nidāna.

अर्थ

हे राहु देव, आकाश में विचरण करने वाले बलवान छाया प्रभु, भ्रम, भय और बाधा दूर कर विवेक दें।

Meaning

O Rahu Dev, powerful shadow lord moving through the sky, remove confusion, fear, and obstacles, and grant discernment.

chaupai
Verse 2

जय जय राहु देव बलकारी। छाया ग्रह तुम संकट हारी॥

जय जय राहु देव बलकारी छाया ग्रह तुम संकट हारी

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

Glory to powerful Rahu Dev, shadow graha and remover of trouble.

chaupai
Verse 3

स्वर्भानु रूप जगत विख्याता। अद्भुत कर्मफल के दाता॥

स्वर्भानु रूप जगत विख्याता अद्भुत कर्मफल के दाता

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

Known as Svarbhanu, giver of unusual karmic results.

chaupai
Verse 4

सूर्य चन्द्र को ग्रसने वाले। ग्रहण रहस्य दिखाने वाले॥

सूर्य चन्द्र को ग्रसने वाले ग्रहण रहस्य दिखाने वाले

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

You eclipse Sun and Moon and reveal the mystery of eclipses.

chaupai
Verse 5

सिंहिका सुत नाम तुम्हारा। छाया शक्ति रूप अपारा॥

सिंहिका सुत नाम तुम्हारा छाया शक्ति रूप अपारा

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

As son of Simhika, your shadow power is vast.

chaupai
Verse 6

अर्धकाय फिर भी बलधारी। माया जाल के अधिकारी॥

अर्धकाय फिर भी बलधारी माया जाल के अधिकारी

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

Though half-bodied, you are powerful and rule the web of illusion.

chaupai
Verse 7

राहु काल से जग डरता। सजग जन उसमें भी सुधरता॥

राहु काल से जग डरता सजग जन उसमें भी सुधरता

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

The world fears Rahu Kaal, but alert people use it for caution.

chaupai
Verse 8

नील धूम्र तनु रूप विचित्रा। कर्म मार्ग का गूढ़ चरित्रा॥

नील धूम्र तनु रूप विचित्रा कर्म मार्ग का गूढ़ चरित्रा

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

Your smoky-blue form reveals deep karmic patterns.

chaupai
Verse 9

विदेश यात्रा तुमसे होई। सीमा तोड़े राहु सोई॥

विदेश यात्रा तुमसे होई सीमा तोड़े राहु सोई

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

Foreign travel and boundary-crossing are linked with your influence.

chaupai
Verse 10

अप्रचलित पथ तुम दिखलाते। नव अवसर जीवन में लाते॥

अप्रचलित पथ तुम दिखलाते नव अवसर जीवन में लाते

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

You show unconventional paths and bring new opportunities.

chaupai
Verse 11

भ्रम जाल में फँसा जो जावे। राहु कृपा सत्य दिखलावे॥

भ्रम जाल में फँसा जो जावे राहु कृपा सत्य दिखलावे

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

If one is trapped in illusion, Rahu’s grace reveals truth.

chaupai
Verse 12

लोभ मोह की छाया हर लो। विवेक दीप हृदय में धर लो॥

लोभ मोह की छाया हर लो विवेक दीप हृदय में धर लो

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

Remove shadows of greed and attachment; place a lamp of discernment.

chaupai
Verse 13

व्यसन दोष सब दूर कराओ। मन को संयम पथ पर लाओ॥

व्यसन दोष सब दूर कराओ मन को संयम पथ पर लाओ

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

Remove addictions and bring the mind to restraint.

chaupai
Verse 14

अचानक संकट जब आ जावै। राहु देव रक्षा कर धावै॥

अचानक संकट जब आ जावै राहु देव रक्षा कर धावै

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

When sudden crisis comes, Rahu Dev rushes to protect.

chaupai
Verse 15

राजनीति में बुद्धि दिलाओ। कपट जाल से हमें बचाओ॥

राजनीति में बुद्धि दिलाओ कपट जाल से हमें बचाओ

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

Grant political intelligence and protect from deceptive webs.

chaupai
Verse 16

तकनीक नवाचार में शक्ति। देहु राहु अनोखी भक्ति॥

तकनीक नवाचार में शक्ति देहु राहु अनोखी भक्ति

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

Grant power in technology and innovation with unusual devotion.

chaupai
Verse 17

न्याय छिपा हो धूल के नीचे। तुम परदा हटवाओ पीछे॥

न्याय छिपा हो धूल के नीचे तुम परदा हटवाओ पीछे

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

When justice is hidden under dust, you remove the curtain.

chaupai
Verse 18

नाग ऊर्जा से नाता तेरा। कुंडली रहस्य दिखे घनेरा॥

नाग ऊर्जा से नाता तेरा कुंडली रहस्य दिखे घनेरा

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

Your link with serpent energy reveals deep horoscope mysteries.

chaupai
Verse 19

शत्रु की चाल व्यर्थ कराओ। गुप्त संकट पहले बतलाओ॥

शत्रु की चाल व्यर्थ कराओ गुप्त संकट पहले बतलाओ

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

Make enemy schemes futile and warn of hidden danger.

chaupai
Verse 20

राहु मंत्र जो नित मन गावे। भय भ्रम बाधा दूर भगावे॥

राहु मंत्र जो नित मन गावे भय भ्रम बाधा दूर भगावे

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

Whoever chants Rahu mantra daily removes fear, confusion, and obstacles.

chaupai
Verse 21

काला तिल जो प्रेम चढ़ावै। राहु शांति शुभ फल पावै॥

काला तिल जो प्रेम चढ़ावै राहु शांति शुभ फल पावै

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

Offering black sesame with devotion helps bring Rahu peace.

chaupai
Verse 22

नीला वस्त्र दान जो करई। कठिन दशा की तीव्रता हरई॥

नीला वस्त्र दान जो करई कठिन दशा की तीव्रता हरई

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

Donating blue cloth reduces harshness of difficult periods.

chaupai
Verse 23

रोग रहस्य जो न समझ आवे। राहु कृपा निदान बतावे॥

रोग रहस्य जो न समझ आवे राहु कृपा निदान बतावे

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

For mysterious illness, Rahu’s grace reveals diagnosis.

chaupai
Verse 24

मिथ्या प्रचार से रक्षा करना। सत्य स्वरूप हृदय में धरना॥

मिथ्या प्रचार से रक्षा करना सत्य स्वरूप हृदय में धरना

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

Protect from misinformation and place truth in the heart.

chaupai
Verse 25

भूत भविष्य वर्तमान दिखाओ। कर्म सूत्र का बोध कराओ॥

भूत भविष्य वर्तमान दिखाओ कर्म सूत्र का बोध कराओ

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

Reveal past, future, and present through karmic understanding.

chaupai
Verse 26

अत्यधिक इच्छा शांत करीजै। संतोष सुधा मन में दीजै॥

अत्यधिक इच्छा शांत करीजै संतोष सुधा मन में दीजै

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

Calm excessive desire and give nectar of contentment.

chaupai
Verse 27

प्रसिद्धि जब अचानक आए। अहंकार मन में न चढ़ पाए॥

प्रसिद्धि जब अचानक आए अहंकार मन में न चढ़ पाए

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

When sudden fame comes, prevent ego from rising.

chaupai
Verse 28

परछाईं से मित्र बनाओ। डर को शक्ति में बदलाओ॥

परछाईं से मित्र बनाओ डर को शक्ति में बदलाओ

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

Help us befriend the shadow and transform fear into strength.

chaupai
Verse 29

अज्ञात क्षेत्र में मार्ग दिखाओ। भटके चित्त को संभलाओ॥

अज्ञात क्षेत्र में मार्ग दिखाओ भटके चित्त को संभलाओ

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

Show the path in unknown territory and steady the wandering mind.

chaupai
Verse 30

सर्प दोष की शांति कराओ। वंश बाधा दूर हटाओ॥

सर्प दोष की शांति कराओ वंश बाधा दूर हटाओ

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

Pacify serpent-related afflictions and remove ancestral obstacles.

chaupai
Verse 31

कठिन ग्रहण में नाम तुम्हारा। दे मन को स्थिर सहारा॥

कठिन ग्रहण में नाम तुम्हारा दे मन को स्थिर सहारा

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

During difficult eclipse-like times, your name gives stability.

chaupai
Verse 32

छलिया मन को सच बतलाओ। अंतर का दर्पण दिखलाओ॥

छलिया मन को सच बतलाओ अंतर का दर्पण दिखलाओ

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

Show truth to the deceptive mind and reveal the inner mirror.

chaupai
Verse 33

रिसर्च गूढ़ विज्ञान बढ़ाओ। अलौकिक जिज्ञासा सजग बनाओ॥

रिसर्च गूढ़ विज्ञान बढ़ाओ अलौकिक जिज्ञासा सजग बनाओ

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

Support research and subtle sciences while keeping curiosity alert.

chaupai
Verse 34

कठिन व्यापार जोखिम में। सावधानी दो हर निर्णय में॥

कठिन व्यापार जोखिम में सावधानी दो हर निर्णय में

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

Give caution in risky business decisions.

chaupai
Verse 35

जो चालीसा पाठ करई। राहु पीड़ा शांत उतरई॥

जो चालीसा पाठ करई राहु पीड़ा शांत उतरई

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

One who recites this Chalisa pacifies Rahu-related distress.

chaupai
Verse 36

दुष्ट संगति दूर भगाओ। सत्संगति का मार्ग दिखाओ॥

दुष्ट संगति दूर भगाओ सत्संगति का मार्ग दिखाओ

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

Remove bad company and show the path of good company.

chaupai
Verse 37

माया में जो फँसा बेचारा। राहु देव करो उद्धारा॥

माया में जो फँसा बेचारा राहु देव करो उद्धारा

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

Rescue the one trapped in illusion.

chaupai
Verse 38

ग्रहण छूटे प्रकाश दिखे। अंतर तम सब शीघ्र मिटे॥

ग्रहण छूटे प्रकाश दिखे अंतर तम सब शीघ्र मिटे

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

When the eclipse clears, light appears and inner darkness dissolves.

chaupai
Verse 39

अंत समय भ्रम दूर कराना। हरि स्मरण का दीप जलाना॥

अंत समय भ्रम दूर कराना हरि स्मरण का दीप जलाना

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

At the end, remove confusion and light remembrance of Hari.

chaupai
Verse 40

भक्त तुम्हारे चरण निहारें। राहु देव सब दोष निवारे॥

भक्त तुम्हारे चरण निहारें राहु देव सब दोष निवारे

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

Devotees behold your feet; Rahu Dev removes afflictions.

chaupai
Verse 41

जय राहु छाया हितकारी। रक्षा करो संकट निहारी॥

जय राहु छाया हितकारी रक्षा करो संकट निहारी

अर्थ

यह पद राहु देव की छाया शक्ति, भ्रम-निवारण, नवाचार, गूढ़ कर्म और संकट-सावधानी का स्मरण करता है।

Meaning

Glory to Rahu, beneficial shadow lord; protect us from crisis.

doha closing
Verse 42

राहु देव कृपा करो, छाया हो हितकार। भ्रम अंधेरा हर लीजै, दो विवेक अपार॥

rāhu deva kṛpā karo, chāyā ho hitakāra. bhrama andherā hara lījai, do viveka apāra.

अर्थ

हे राहु देव, कृपा कर छाया को हितकारी बनाएं। भ्रम का अंधकार हरकर अपार विवेक दें।

Meaning

O Rahu Dev, let the shadow become beneficial. Remove the darkness of confusion and grant boundless discernment.

Rahu Chalisa

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