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ॐ महापुरुषाय नमः

महापुरुषः

Mahāpuruṣaḥ

Root: mahā + puruṣa

Cosmic Order·ब्रह्माण्डीय व्यवस्था
Meaning

अर्थ

The great cosmic person, the Purusha of the Rig Veda's Purusha Sukta whose body is the entire universe

महापुरुष, ऋग्वेद के पुरुष सूक्त का वह ब्रह्माण्डीय व्यक्ति जिसका शरीर सम्पूर्ण ब्रह्माण्ड है

Word-by-Word Breakdown

शब्द-दर-शब्द विश्लेषण

महा

great, supreme

महा, परम

पुरुष

cosmic person, the primal consciousness-being

पुरुष, ब्रह्माण्डीय व्यक्ति

Modern Context

आधुनिक संदर्भ

ऋग्वेद का पुरुष सूक्त आदिम सत्ता के ब्रह्माण्डीय यज्ञ का वर्णन करता है: जिनके शरीर से सूर्य और चन्द्रमा उभरते हैं। यह पौराणिक कथा नहीं बल्कि ब्रह्माण्डीय दर्शन है: ब्रह्माण्ड को निर्जीव पदार्थ के संग्रह के बजाय चेतना के शरीर के रूप में समझा जाता है। शबरीमला की पहाड़ी से विहंगम दृश्य का सर्वेक्षण करने वाले तीर्थयात्री के लिए, वे जो परिदृश्य देखते हैं वह शाब्दिक रूप से उस प्रभु का शरीर है जिनकी वे पूजा करने आए हैं।

When to Chant

कब जपें

Chant during the Purusha Sukta recitation or when honouring the Lord as the cosmic being whose sacrifice gave rise to all of creation.

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