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ॐ त्र्यम्बकाय नमः

त्र्यम्बकः

Tryambakāya

Root: tri + ambaka

Cosmic Order·ब्रह्माण्डीय व्यवस्था
Meaning

अर्थ

The three-eyed one, whose three eyes encompass the three cosmic functions and the complete temporal range of past, present, and future

तीन-नेत्र वाले, जिनके तीन नेत्र तीन ब्रह्माण्डीय कार्यों और भूत, वर्तमान और भविष्य के पूर्ण कालिक विस्तार को समेटते हैं

Word-by-Word Breakdown

शब्द-दर-शब्द विश्लेषण

त्रि

three

तीन

अम्बक

eye

नेत्र, आँख

Modern Context

आधुनिक संदर्भ

त्र्यम्बक दत्तात्रेय को त्र्यम्बक: तीन-नेत्र वाले नाम देता है। त्र्यम्बक शिव के सबसे महत्त्वपूर्ण नामों में से एक है, महामृत्युंजय मन्त्र में आता है। त्र्यम्बक के तीन नेत्र सूर्य (दायाँ नेत्र), चन्द्रमा (बायाँ नेत्र) और अग्नि (तीसरा नेत्र) के अनुरूप हैं। महामृत्युंजय मन्त्र भारत में सबसे सार्वभौमिक रूप से जपे जाने वाले शिव मन्त्रों में से एक है।

When to Chant

कब जपें

Chant when invoking Dattatreya's Shaiva dimension as Tryambaka, the three-eyed one whose vision encompasses all three cosmic functions.

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