ॐ अग्निहोत्रप्रियाय नमः
अग्निहोत्रप्रियः
Agnihotrapriyaḥ
Root: agni + hotra + priya
अर्थ
He who is beloved of the sacred fire ritual, delighted by the offering of oblations into the consecrated flame
पवित्र अग्निहोत्र से प्रिय, पवित्र अग्नि में आहुतियों के अर्पण से प्रसन्न होने वाले
शब्द-दर-शब्द विश्लेषण
अग्नि
fire, the sacred fire
अग्नि, पावक
होत्र
fire ritual, oblation, sacrifice
होत्र, अग्निकर्म, आहुति
प्रिय
beloved, fond of
प्रिय, प्रसन्न
आधुनिक संदर्भ
वैदिक अग्नि भारत में पवित्र की सबसे प्राचीन तकनीक है। अग्नि देवता एकसाथ वेदी पर अग्नि, शरीर के भीतर पाचन की अग्नि और उस ब्रह्माण्डीय अग्नि हैं जो व्यक्त को अव्यक्त से अलग करती है। जब लाखों देखते हुए शबरीमला पर मकरविलक्कु ज्योति धधकती है, वह अग्निहोत्रप्रिय दक्षिण भारतीय वर्ष की सबसे भव्य अग्नि-अर्पण ग्रहण कर रहे हैं। दीक्षा सीजन में हर अय्यप्पा घर में जलाया गया हर तेल-दीपक एक लघु अग्निहोत्र है: ज्वाला से प्रेम करने वाले प्रभु को गृहस्थ का दैनिक अग्नि-उपहार।
कब जपें
ॐChant during homam rituals dedicated to Ayyappa, during the Makaravilakku sacred fire, or when lighting the diya that begins each day of the deeksha.
और भक्ति नाम
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