ॐ गायत्रीमन्त्रतत्त्वज्ञाय नमः
गायत्रीमन्त्रतत्त्वज्ञः
Gāyatrīmantratattvaajñaḥ
Root: gāyatrī + mantra + tattva + jña
अर्थ
The knower of the essential truth of the Gayatri Mantra, master of the sacred twenty-four syllables
गायत्री मन्त्र के तत्त्वज्ञाता, पवित्र चौबीस अक्षरों के आचार्य
शब्द-दर-शब्द विश्लेषण
गायत्री
the Gayatri Mantra, the mother of the Vedas
गायत्री मन्त्र, वेदों की माता
मन्त्र
sacred formula
पवित्र मन्त्र
तत्त्व
essential truth, principle
तत्त्व, सार
ज्ञ
knower
ज्ञाता
आधुनिक संदर्भ
गायत्रीमन्त्रतत्त्वज्ञ दत्तात्रेय को गायत्री मन्त्र से जोड़ता है, जो भारत में सबसे सार्वभौमिक रूप से जपी जाने वाली वैदिक प्रार्थना है। गायत्री में 24 अक्षर हैं और दत्तात्रेय के 24 गुरु एक प्रसिद्ध शिक्षा है। सम्बन्ध जानबूझकर है: 24 गुरु, 24 अक्षर, एक सत्य। मथुरा में पण्डित श्रीराम शर्मा आचार्य द्वारा स्थापित गायत्री परिवार, जिसके पूरे भारत में पाँच करोड़ से अधिक सदस्य हैं, सिखाता है कि गायत्री के 24 अक्षर 24 दिव्य सिद्धान्त समाहित करते हैं, जो ठीक भागवत पुराण के दत्तात्रेय के 24 गुरुओं से मेल खाते हैं।
कब जपें
ॐChant during Gayatri japa, Sandhyavandana, or when teaching the inner meaning of the Gayatri Mantra to students.
और विद्या नाम
← → arrow keys to navigate