ॐ मोक्षदाय नमः
मोक्षदः
Mokṣadaḥ
Root: mokṣa + da
अर्थ
The giver of liberation, the one who bestows the final freedom from the cycle of birth and death
मोक्ष देने वाले, जन्म और मृत्यु के चक्र से अन्तिम मुक्ति प्रदान करने वाले
शब्द-दर-शब्द विश्लेषण
मोक्ष
liberation, final freedom
मोक्ष, अन्तिम मुक्ति
द
giver
देने वाले
आधुनिक संदर्भ
मोक्षद दत्तात्रेय को मानव जीवन के सर्वोच्च लक्ष्य का दाता नाम देता है: मोक्ष, संसार के चक्र से मुक्ति। दत्त परम्परा में मोक्ष दूरस्थ मृत्यु के बाद का पुरस्कार नहीं बल्कि एक तात्कालिक सम्भावना है: दत्तात्रेय की कृपा इसी जीवनकाल में मुक्ति ला सकती है। अवधूत गीता जीवन्मुक्ति (जीते-जी मुक्ति) का विस्तार से प्रतिपादन करती है। दत्तात्रेय स्वयं परम जीवन्मुक्त हैं। वाराणसी में मणिकर्णिका घाट पर जहाँ अग्नि निरन्तर जलती है, मोक्षद दत्तात्रेय का आवाहन उनके लिए किया जाता है जो शरीर छोड़ रहे हैं, मृत्यु के क्षण में मुक्ति प्रदान करते हुए।
कब जपें
ॐChant at Kashi (Varanasi), the city of liberation, or when contemplating death and liberation, or when the sincere seeker prays for the ultimate grace of mukti.
और मोक्ष नाम
← → arrow keys to navigate